‘मेरी बहन का अपमान करने वालों पर सुदर्शन चक्र चलेगा’, रोहिणी के अपमान पर भड़के तेज प्रताप, VIDEO
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) की करारी हार के बाद पार्टी के अंदर उठ रहे सवाल अब खुले संघर्ष का रूप लेते दिख रहे हैं। लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने परिवार और पार्टी नेतृत्व पर गंभीर आरोप लगाकर न सिर्फ राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है, बल्कि यह भी संकेत दे दिया है कि लालू परिवार के भीतर लंबे समय से कुछ ठीक नहीं चल रहा था। उनके बयानों के बाद राज्य की राजनीति में नई चर्चा शुरू हो गई है, क्या यह हार RJD के भीतर बड़े विभाजन का कारण बन रही है?
लालू परिवार कठिन दौर से गुजर रहा- जदयू
जदयू के वरिष्ठ नेता अशोक चौधरी ने इस विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि लालू प्रसाद यादव की सेहत पहले ही चिंता का विषय है और अब परिवार में बढ़ती मतभेदों ने संकट को और गहरा कर दिया है।
उन्होंने कहा, “जो लोग लालू जी की हालत को जानते हैं, वे समझ सकते हैं कि यह समय उनके परिवार के लिए बहुत कठिन है। अभी सबसे बड़ा सवाल यह है कि पार्टी एकजुट रह पाएगी या नहीं।”
चौधरी के मुताबिक, RJD की हार और रोहिणी के आरोपों ने पार्टी के भविष्य पर अनिश्चितता की एक नई परत चढ़ा दी है।
जनादेश को स्वीकार करना भी राजनीति का हिस्सा
Hindustani Awam Morcha (HAM) के नेता संतोष सुमन ने कहा कि रोहिणी का नाराज़ होना पार्टी का आंतरिक मसला है, लेकिन इस तरह की निराशा उचित नहीं है।
उन्होंने कहा, “जनता ने जिस तरह का निर्णय दिया है, उसे सभी को स्वीकार करना चाहिए। हार से हताश होकर किसी को रिश्ते तोड़ने की नौबत नहीं आनी चाहिए।”
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बीजेपी ने RJD पर भी साधा निशाना
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने एक कड़ा बयान देते हुए RJD पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “अगर एक नेता अपनी ही बेटी को सुरक्षा, सम्मान और संरक्षण नहीं दे पा रहा, तो बिहार की महिलाओं की सुरक्षा की बात कैसे कर सकता है? परिवार के भीतर ही जिस तरह का व्यवहार हुआ है, उससे जनता का विश्वास खत्म होना तय था।”
बीजेपी का कहना है कि अगर रोहिणी पर हमले, गाली-गलौज और अपमान जैसी बातें सही हैं, तो यह पार्टी के चरित्र का स्पष्ट संकेत है।
रोहिणी के अपमान पर तेज प्रताप का बयान
रोहिणी आचार्य के गंभीर आरोपों के बाद उनके बड़े भाई तेज प्रताप यादव खुलकर उनके समर्थन में आ गए हैं। उन्होंने मीडिया से कहा, “मेरी बहन का जो अपमान करेगा, उस पर सुदर्शन चक्र चलेगा। यह मेरा वचन है।”
तेज प्रताप के इस बयान ने माहौल को और गर्म कर दिया है, खासकर तब जब रोहिणी ने सीधे-सीधे कहा कि तेजस्वी यादव, संजय यादव, और रमीज ने उन्हें परिवार और पार्टी से बाहर करने की कोशिश की।
RJD की हार के बाद खुला परिवार विवाद
चुनाव परिणाम आने के बाद रोहिणी ने अचानक सोशल मीडिया पर दो लगातार पोस्ट कर यह साफ कर दिया कि वह बेहद आहत हैं।
उन्होंने कहा—
- “मेरा कोई परिवार नहीं है।”
- “तेजस्वी, संजय यादव और रमीज ने मुझे परिवार से निकाल दिया।”
- “अगर आप इन लोगों के नाम लेंगे तो आपको बेइज्जत किया जाता है।”
- “चुनाव में इतनी बड़ी हार हुई है, लेकिन कोई मानने को तैयार नहीं कि गलती किसकी है।”
रोहिणी ने यह भी आरोप लगाया कि पार्टी के भीतर कुछ लोग मनमानी कर रहे हैं और जो आवाज़ उठाता है, उसे अलग कर दिया जाता है।
तेजस्वी यादव चुप, बढ़ी राजनीतिक अटकलें
पूरे विवाद पर तेजस्वी यादव की चुप्पी भी चर्चा का विषय बनी हुई है। राजनीतिक विशेषज्ञों का कहना है कि
- यह विवाद यूँही नहीं उठा,
- RJD की करारी हार से परिवार और पार्टी दोनों में गहरी खाई उभर आई है,
- और रोहिणी की नाराज़गी शायद लंबे समय से बढ़ रही थी।
तेजस्वी के बयान का इंतजार किया जा रहा है क्योंकि मामला परिवार से सीधा जुड़ा है और उनकी चुप्पी नए सवाल पैदा कर रही है।
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